सावन के महीने में शिव भक्ति क्यों अपने चरम पर होती है –

Spread the love

आज हम आपको अपनी इस पोस्ट में कुछ जरूरी बातें बताने जा रहे हैं हम उम्मीद करते हैं कि आपको हमारी पोस्ट पसंद आएगी इस पोस्ट में हम बात करेंगे कि सावन के महीने में शिव जी की भक्ति क्यों चरम सीमा पर होती है इन विशेष टिप्पणियों पर हम विशेष ध्यान देंगे और हम आपको उन बातों का ज्ञान कराएंगे जो आपके लिए बहुत जरूरी होगा। जिनको जानकर आप अपनी knowledge को और बढ़ा सकते हैं।

सावन माह पूजा- विधि

  • सुबह जल्दी उठ जाएं और स्नान आदि से निवृत्त होने के बाद साफ वस्त्र धारण करें।
  • घर के मंदिर में दीप प्रज्वलित करें।
  • सभी देवी- देवताओं का गंगा जल से अभिषेक करें।
  • शिवलिंग में गंगा जल और दूध चढ़ाएं।
  • भगवान शिव को पुष्प अर्पित करें।
  • भगवान शिव को बेल पत्र अर्पित करें।
  • भगवान शिव की आरती करें और भोग भी लगाएं। इस बात का ध्यान रखें कि भगवान को सिर्फ सात्विक चीजों का भोग लगाया जाता है।
  • भगवान शिव का अधिक से अधिक ध्यान करें।
Also Read:   सावन मास में कढ़ी और दही का सेवन क्यों नहीं करना चाहिए, इसका धार्मिक और वैज्ञानिक कारण जानें।

आखिर क्यों हम शिव जी की भक्ति को सावन के महीने में बहुत ही श्रद्धा भाव से प्रकट करते हैं आखिर हम ऐसा क्यों करते हैं इन पर हम अपनी कुछ विशेष टिप्पणी करेंगे हम शिवजी को प्रसन्न करने के लिए अपनी श्रद्धा को चरम सीमा पर ले जाते हम अपने मन मस्तिष्क से उनकी भक्ति में अपना पूरा ध्यान लगा देते हैं और उन को प्रसन्न करने की पूरी कोशिश करते हैं जिससे कि शिव जी प्रसन्न हो जाए और हम अपना जीवन को आनंदमय बना सके और अपनी प्रार्थना को पूर्ण कर सकें।

सावन के महीने में भगवान शिव की आराधना करना बहुत ही शुभ माना जाता है यह परंपरा काफी सदियों से चली आ रही है यह महीना शिव जी की भक्ति का सबसे उत्तम और महत्वपूर्ण महीना होता है इस महीने में शिव जी बहुत प्रसन्न होते हैं वह सारी मनोकामना की पूर्ति करते हैं ।

Hindu religious में यह महीना एक festival तरह celebrate जाता है Hindu religious में सावन के महीने को काफी महत्वता दी जाती है। शिव भक्तों के लिए बहुत ही खुशी उमंग का महीना होता है जिससे वह अपनी भक्ति से शिवजी को प्रसन्न कर सके।पर आप में से बहुत से लोगों को शायद यह knowledge न हो कि शिवजी को सावन का महीना इतना क्यों प्रिय होता है और हम इस महीने में अपनी भक्ति से उनको क्यों परेशान करना चाहते हैं चलिए हम आपको सावन के महीने की महत्ता और मान्यताओं के बारे में जानकारी दें।।

Also Read:   देवी लक्ष्मी इन ४ लोगो से हमेशा नाराज रहती है

श्रावण month काफी भारी वर्षा आरंभ हो जाती है और शिव जी को श्रावण का देवता कहा जाता है है इसीलिए इस पूरे माह के आरंभ से लेकर अंत तक पूरे उत्साह और भक्ति के साथ मनाया जाता है शिवजी को प्रसन्न करने की हर वो सारी कोशिशें करते हैं जिससे शिवजी हमारी भक्ति से प्रसन्न हो सके। शिव जी को खुश करने के लिए उनको नए-नए तरीकों से पूजा जाता है या festival भारतवर्ष में काफी उत्साह के साथ मनाया जाता है।

Also Read:   इस मंदिर में हर दिन नाग करता है शिव भक्ति से शिवलिंग की पूजा

मैं उम्मीद करता हूं कि आपको सावन के महीने में शिव भक्ति क्यों अपने चरम पर होती है वाला यह आर्टिकल काफी पसंद आया होगा कृपया इसको सोशल मीडिया पर जरूर शेयर करें यदि आप कुछ प्रश्न करना चाहते हैं तो कृपया हमें कमेंट बॉक्स पर या हमें फेसबुक पर मैसेज करके भी पूछ सकते हैं |


Spread the love